पटना: कोरोना वायरस की वजह से एक तो स्कूल पहले से ही बंद था, जब खुला तो शिक्षकों की परेशानी करने वाला आदेश आ गया है. बिहार के शिक्षा विभाग ने शिक्षकों के लिए एक आदेश जारी किया है. जिसके तहत बच्चे यदि सात दिनों लगातार स्कूल नहीं आते है, तो शिक्षकों को उसके घर पर जाकर बच्चों के हालचाल जानने पड़ेंगे.
गौरतलब है कि कोरोना वायरस के चलते लंबे समय बाद स्कूल खुल रहा है. ऐसे में बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए शिक्षा विभाग ने कवायद शुरू कर दी है. शिक्षा विभाग ने सभी डीईओ और डीपीओ को आदेश दिया है कि राज्य के सरकारी स्कूलों में वैसे बच्चे जो लगातार स्कूल से 7 दिन से गायब हैं, उनके घर अब शिक्षक जाकर जानने की कशिश करेंगे कि बच्चे क्यों नहीं आ रहे हैं.
शिक्षा विभाग ने हेडमास्टरों को निर्देश दिया है कि बच्चों के समूह को विद्यालय लाने के लिए शिक्षकों के बीच जिम्मेदारी का निर्धारण करें. साथ ही विद्यालय अवधि में मोबाइल का प्रयोग वर्जित रहेगा. शिक्षक क्लास लेने के दौरान मोबाइल का उपयोग भी नहीं कर सकेंगे. बता दें कि राज्य सरकार ने क्लास 1 से लेकर 12वीं तक के सभी स्कूलों को खोलने का आदेश दे दिया है और अब स्कूलों में शत प्रतिशत बच्चों को आने की भी अनुमति दे दी है.
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